BIOS Kya Hai ? पूरी जानकारी हिंदी में . 

BIOS KYA HAI ? आज का हमारा आधुनिक युग कंप्यूटर का युग है । अगर आज हम चारो तरफ नजर दौड़ाकर देखेंगे तो हम पाएंगे कि आज के जीवन के लगभग सभी क्षेत्रों में कंप्यूटर का प्रवेश हो गया है हमारे जीवन में कंप्यूटर का महत्व बहुत अधिक है इसने मानव जीवन को सुविधा सरलता सुव्यवस्थित और सटीकता प्रदान  की है  जैसे मनुष्य के दिन की शुरुआत कंप्यूटर के बिना नहीं होती उसी तरह एक ऐसा सॉफ्टवेयर है जिसके बिना कंप्यूटर भी चल नहीं सकता उस सॉफ्टवेयर का नाम है BIOS.

 

what is bios in hindi

 

अगर आप कंप्यूटर के विद्यार्थी हैं या रह चुके हैं तो आपने इस सॉफ्टवेयर का नाम (BIOS Meaning in Hindi) जरूर सुना होगा स्कूल और कॉलेज में इसके बारे में पढ़ाया जाता है इस आर्टिकल में आज हम आपको बॉयोस क्या है और इसके बिना कंप्यूटर क्यों नहीं चल सकता इससे जुड़े सभी चीजों के बारे में जानकारी देने वाले हैं इसलिए इस पोस्ट को पूरा जरूर पढ़ें तो आइए सबसे पहले जानेंगे कि BIOS क्या होता है ?

 BIOS क्या है ?

जब आप कंप्यूटर स्टार्ट करते हैं तब जो डिस्प्ले पर पहली स्किन दिखाई देती है वही  BIOS होता है  BIOS का पूरा नाम (Full Form Of BIOS) Basic Input Output System है यह मदरबोर्ड के साथ जुड़ा एक सॉफ्टवेयर होता है जो आप के कंप्यूटर सिस्टम को शुरू करने में मदद करता है

 BIOS क्या है ? 

 

यह कंप्यूटर का एक हिस्सा है और कंप्यूटर के ऑन होने पर शुरू होने वाला यह पहला सॉफ्टवेयर है इसके बिना कंप्यूटर स्टार्ट नहीं होगा ऑपरेटिंग सिस्टम लोड करते समय बॉयोस POWER ON SEFT TEST ( POST ) चलाता है यह सुनिश्चित करने के लिए कंप्यूटर के सभी हार्डवेअर जैसे रैम ,प्रोसेसर ,कीबोर्ड, माउस ,हार्ड ड्राइव, यूएसबी पोर्ट, साउंड कार्ड, वीडियो कार्ड आदि सभी सही स्थिति में है और यह ठीक से काम कर रहे हैं या नहीं फिर इन्हें कॉन्फ़िगर करता है और इसके बाद कंप्यूटर मेमोरी में ऑपरेटिंग सिस्टम लोड होती है और हमारा कंप्यूटर पूरी तरह से स्टार्ट हो जाता है

जिसके बाद हम कोई भी प्रोग्राम या सॉफ्टवेयर आसानी से रन कर सकते हैं अगर सेल्फ टेस्ट के दौरान कोई डिफ़ेक्ट पाया जाता है तो बॉयोस उसे ठीक करने के लिए  कंप्यूटर को एक कोड देता है इस तरह के कोड प्रायः एक बिट  के रूप में होते हैं जो कंप्यूटर को चालू करते समय सुनाई देते हैं फिर कंप्यूटर ऑटोमेटकली  उन डिफाल्ट को सुधार कर स्टार्ट हो जाता है

 

BIOS कंप्यूटर में कहां रहता है ?

BIOS हमारे कंप्यूटर की रोम मेमोरी में स्थित रहता है और कंप्यूटर के सभी हार्डवेयर को पहचानता है यह मुख्य रूप से कंप्यूटर के ऑपरेटिंग सिस्टम को बूट करने का काम करता है बायोसा हर कंप्यूटर में पहले से ही इंस्टॉल रहता है क्योंकि सीपीयू में बाकी सभी प्रोग्राम BIOS के बाद ही इंस्टॉल हो पाते हैं ये कंप्यूटर की नॉन वैलिडिटी मेमोरी यानी ROM के अंदर इंस्टॉल रहता है जो चिप हमारे कंप्यूटर के मदरबोर्ड में लगी होती है इसे हम आसानी से डिलीट नहीं कर सकते हालांकि एक ( EEPROM ) यानी ELECTRONICALLY ERASABLE PROGRAMMABLE READ ONLY MEMORY टाइप की मेमोरी होती है यानी जिसे ईलेक्टोनिक इरेस और प्रोग्राम किया जा सकता है

 

BIOS kya hai in hindi

 

ताकि बाद में अगर बॉयोस को अपग्रेड करना पड़े तो कोई दिक्कत ना आये मदरबोर्ड में CMOS नाम की  एक चीज होती है जिसमें बॉयोस की सभी सेटिंग स्टोर होती है CMOS का पूरा नाम  COMPLEMENTARY METAL OXIDE SEMICONDUCTOR होता है और यह एक बैटरी की तरह होती है ये  बॉयोस में स्टोर सभी सेटिंग को सुरछित रखती है और  इसी के कारण BIOS कंप्यूटर बूटिंग प्रोसेस को शुरू करता है

CMOS एक छोटा सा सेल होता है इसी के कारण कंप्यूटर का डेट टाइम हो और बाकी सारी बेसिक जानकारी सेव रहती है इस बैटरी के खत्म होने या निकाल देने पर बायो सेटिंग रिसेट  हो जाती है आप सभी ने देखा होगा कि कंप्यूटर ऑफ होने के बाद भी इसका टाइम और डेट चेंज नहीं होता ऐसा इसलिए होता है क्योंकि टाइम और डेट का सेटिंग BIOS में स्टोर रहता है और वह CMOS बैटरी से चलता है

 

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BIOS के क्या-क्या काम होते हैं ?

  • जब कंप्यूटर स्टार्ट होता है तो बॉयोस सबसे पहले CMOS की सारी सेटिंग को रीड करता है ताकि सारी चीजें ठीक से काम कर सके
  • उसके बाद बायो  डिवाइस ड्राइवर लोड करता है और ऑपरेटिंग सिस्टम और कनेक्ट डिवाइस के बीच एक ब्रिज का काम करता है ताकि सभी हार्डवेयर डिवाइस सॉफ्टवेयर के साथ काम कर सके
  • उसके बाद बॉयोस हमारे सीपीयू के सारे रजिस्टर्ड को ठीक तरह से  उपयोग होने के लिए तैयार करता है
  • RESISTOR तैयार करने के बाद BIOS सारे हार्डवेयर डिवाइस जैसे कीबोर्ड माउस आदि को टेस्ट करता है और इस प्रोसेस को ( POST ) यानी POWER ON SELF TEST कहते हैं
  • उसके बाद BIOS  एक बूटेबल माध्यम ढूढ़ता है और फिर उसी माध्यम को रीड करके जरूरी फाइल को रैम में लोड करता है और उसके बाद ही हमारा कंप्यूटर स्टार्ट होता है और हमें डेक्सटॉप दिखाई देता है

 

 BIOS को ACCESS और अपडेट कैसे करें ?

बहुत सारी KEY कॉम्बिनेशन का उपयोग करके BIOS को एक्सेस किया जाता है BIOS ACCESS करने के लिए आपको सबसे पहले अपना कंप्यूटर रीस्टार्ट करना होगा रीस्टार्ट करने के बाद कंप्यूटर चालू होते ही कीबोर्ड शॉर्टकट KEY  F2 F12 DELET या ESC में से कोई भी एक KEY बिना समय लगाए प्रेस करना होता है ऐसा करते ही कंप्यूटर में बायो सेटिंग ओपन हो जाएगा जहां से आप बॉयोस में जितने भी सेटिंग हैं उन्हें देख सकते हैं और बदलाव भी कर सकते हैं

बॉयोस को एक्सेस करने के लिए आपको एक बात का ध्यान रखना है कि कंप्यूटर रीस्टार्ट करने के बाद विंडोज LOGO आने से पहले ही शॉर्टकट KEY को प्रेस करना है तभी बायो सेटिंग ओपन होगी BIOS  सेटिंग से बाहर निकलने के लिए F10 KEY प्रेस किया जाता है

बहुत बार ऐसा होता है कि पीसी बूट नहीं होता या फिर उसके सभी  इनपुट और आउटपुट डिवाइस सही से काम नहीं करते कभी कभी बॉयोस UP TO DATE ना होने की वजह से भी ऐसा होता यदि आपका कंप्यूटर नए सॉफ्टवेयर या हार्डवेयर के सभी फंक्शन को उपयोग करने में सक्षम नहीं है तो बॉयोस अपडेट करने की आवश्यकता होती है BIOS  को अपडेट करने से उसमें अतिरिक्त FUNCTION जुड़ते है और सभी एरर को ठीक करता है

 

 

बॉयोस अपडेट करने के लिए आप इंटरनेट से पता कर सकते हैं कि आपके पीसी का लेटेस्ट BIOS  वर्जन कौन सा है और आपके पीसी में किस वर्जन का बाय इंस्टाल है अगर आपको नहीं पता कि कैसे PC में BIOS वर्जन चेक करते हैं तो इसके लिए आप BIOS  सेटिंग में जाकर इसका वर्जन चेक कर सकते हैं

अगर आप से BIOS सेटिंग नहीं खुल रही है तो आप लैपटॉप की स्क्रीन पर आकर विंडो KEY +R दबाये है उसके बाद आपके सामने रन कमांड बॉक्स ओपेन होगा  जिसमें आपको MS INFO 32 टाइप करना है और इंटर KEY  प्रेस करना है उसके बाद आपके सामने एक WINDO ओपन होगा जिसमें आपको आपके कंप्यूटर से रिलेटेड सारी जानकारी मिल जाएगी और इसमें ही आपको BIOS  वर्जन के बारे में भी पता चल जाएगा

बॉयोस वर्जन चेक करने के बाद आप अपने कंप्यूटर की MANUFRACTULAR की  वेबसाइट से BIOS का नया वर्जन डाउनलोड करके इंस्टॉल कर सकते हैं यह बहुत ही आसान काम है लेकिन इससे जुड़े  INTRACTION को ध्यान से पढ़ने के बाद ही BIOS को अपडेट करें नहीं तो आपके कंप्यूटर का बायोस क्रास भी हो सकता है

 

निष्कर्ष

आशा है कि आप को इस पोस्ट से BIOS क्या है और यह कैसे काम करता है इससे जुड़ी सारी जानकारी मिल गई होगी मेरी हमेशा से यही कोशिश रहती  है कि हमारी पोस्ट के जरिए आप को दिए गए विषय पर पूरी जानकारी प्राप्त हो सके ताकि आपको कहीं और जाना ना पड़े इस पोस्ट से जुड़ी कोई भी परेशानी हो तो आप हमें कमेंट करके जरूर बताएं जिससे हम आपके परेशानी को जल्द से जल्द दूर कर सकें

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RAHUL
नमस्कार दोस्तो मेरा नाम राहुल विश्वकर्मा है , और मै इस ब्लॉग का फाउंडर हूँ । मैं अभी कंप्यूटर साइंस से डिप्लोमा कर रहा हूँ , मुझे टेक्नोलॉजी से संबंधित जानकारी शेयर करना बेहद पसंद है । अगर आप टेक्नोलॉजी , कंप्यूटर , इंटरनेट और ऑनलाइन पैसे कैसे कमाये से सम्बंधित विषय मे रुचि रखते है , तो यह ब्लॉग आप के लिए ही बनाया गया है ।

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